CurrentGK -> General Knowledge -> Current Affairs -> Rajasthan's Famous Plans / Commission / Conference / Smitia November 2011

If you find this context important and usefull. We request to all visitors to sheare this with your friends on social networking channels.

Rajasthan's Famous Plans / Commission / Conference / Smitia November 2011

Rajasthan's Famous Plans / Commission / Conference / Smitia November 2011

*२ अक्टूबर २०११ से राजस्थान के अनेक शहरो के लिए राजस्थान रोडवेज ने किस नाम से ए सी बसे शुरू की है --- गाँधी रथ
(इन बसों का किराया सेमी डीलक्स बसों के बराबर है ।
जयपुर से ये बसे अलवर ,नागौर,गंगानगर,बीकानेर,करोली ,सवाई माधोपुर ,चुरू,पिलानी .बांसवाडा,कोटा,धौलपुर, जिला मुख्यालयों पर जाएगी )
*केंद्र प्रायोजित राजीव आवास योजना के प्रदेश में प्रभावी क्रियान्वयन के किए मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में किस समिति का गठन किया गया है ------- राज्य राजीव आवास योजना मिशन
*राज्य में 'प्रशासन शहरो के संग ' अभियान कब से शुरू किया जाएगा ----१ जनवरी २०१२ से
*लोक सेवाओ के लिए कोनसा कानून १४ नवम्बर २०११ में शुरू किया गया है ---- लोक सेवा के प्रदान की गारंटी अधिनियम २०११
इस एक्ट में १५ विभागों से जुड़े ५३ विषयों की १०८ सेवाओ के बारे में लोगो को अधिक जानकारी देकर उन्हें जागरूक किया जाएगा ।
जनता को क्या फायदा
इस कानून में इसी सरकारी सेवाओ को शामिल किया गया है जिनसे लोगो का आए दिन वास्ता पड़ता है ।इन्हें तय समय में पूरा करना होगा । ऐसा नहीं होता है तो सम्बंधित अधिकारी कर्मचारी पर आर्थिक दंड लगाने और अनुशासनात्मक करवाई का प्रावधान है
एक्ट के मुख्य प्रावधान
*इसमे जनता से जुड़े १५  विभाग यथा उर्जा,पुलिस,चिकित्सा,चिकित्सा शिक्षा , यातायात,जन सवास्थ्य अभियांत्रिकी,राजस्व,स्थानीय निकाय, नगरीय विकास,आवासन,खाद,वित,सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता,सार्वजानिक निर्माण,जल संसाधन एवं जिला प्रशासन को सम्मलित किया गया है ।
*इन विभागों के अंतर्गत आम जनता से सम्बंधित दिन - प्रतिदिन के कार्य एवं कल्याणकारी योजनाओ के ५३ विषयों की १०८ सेवाओ को निर्धारति समय सीमा में उपलब्ध करने की गारंटी । आवश्यकता होने पर और सेवाओ को भी जोड़ा जा सकता है ।
*किसी विभाग का कोई अधिकारी /कर्मचारी उसकी परिधि में घोषित सेवाओ को निर्धारित समय सीमा में प्रदान नहीं करता है तो कम से कम ५०० रु. से लेकर अधिकतम ५००० रु. तक के आर्थिक दंड का प्रावधान।
*यदि वह सेवा प्रदान करने में अनावश्यक विलम्ब करता है तो प्रतिदिन २५० रु.(अधिकतम ५००० रु.) का आर्थिक दंड ।
*दंड की राशी उतरदायी अधिकारी /कर्मचारी के वेतन से वसूलने का प्रावधान ।उक्त राशी आवेदनकर्ता को क्षतिपूर्ति में भी दी जा सकती है ।
*अधिकारी अथवा उसके द्वारा अधिकृत व्यक्ति द्वारा आवेदक को पावती देनी होगी
१.आवेदन के साथ आवश्यक दस्तावेज सलंग्न किए गए है तो पावती में निर्धारित की गई समय सीमा का उल्लेख किया जाएगा ।
२.आवेदन के साथ आवश्यक दस्तावेज सलंग्न नई किये गए है तो उसका स्पष्ट उल्लेख पावती में किया जायेगा और इसी पावती में ,निर्धारित की गई समय सीमा का उल्लेख  नई किया जाएगा ।
विशेष प्रावधान जो केवल राजस्थान के विधेयक में ही है
*एक्ट में केवल राज्य सरकार के विभाग ही नहीं बल्कि निकाय,बोर्ड ,निगम,विश्वविधालय एवम ऐसी संस्थाए जिन्हें राज्य सरकार से सहायता प्राप्त होती है ,को शामिल किया जा सकता है ।
*जलदाय विभाग ,जल संसाधन विभाग,सार्वजानिक निर्माण विभाग,स्थानीय निकाय विभाग ,आदि द्वारा ली जाने वाली अमानत राशी एवं धरोहर राशी को  समयबद्ध लौटने का प्रावधान ।
*सेवानिवृत अधिकारियो/कर्मचारियों के पेंशन व एनी समस्यों के प्रकरणों को समयबद्ध निस्तारण की व्यवस्था ।
*उर्जा से सम्बंधित नये विधत कनेक्शन के साथ- साथ विधुत बिलों को ठीक कारन ,मीटर बदलवाना,विधुत सप्लाई को ठीक करवाना आदि से संबधित सेवाए ।
*जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अंतर्गत हैडपंप ठीक करवाने, जल सप्लाई में खराबी को ठीक करवाने,पानी के बिलों को ठीक करवाने तथा मीटर बदलवाने,फ़ाइनल बिल ,टाइम एक्सटेशन एवं डेवियशन को शामिल किया गया है ।
*स्थानीय निकाय द्वारा जरी की जाने वाली सभी तर्क की एन.ओ .सी.एवं निकायों द्वारा जारी किये जाने वाले सभी प्रकार के लाइसेंस शामिल किये गए है ।
*नगरीय विकास विभाग व स्थानीय निकाय के अंतर्गत भवन निर्माण स्वीकृतिया,भूखंड उप विभाजन ,पुनर्गठन,सामुदायिक केन्द्रों का आरक्षण,दस्तावेज /मानचित्र की प्रति प्राप्त करना शामिल किया गया है ।
*आवासन मंडल की सेवाए सिर्फ राज्य में शामिल की गयी है ।

मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना
*योजना का शुभारम्भ २ अक्टूबर २०११ (गाँधी जयंती ) से किया गया
*मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सवाई माधोपुर,करौली ,दौसा में इस योजना की शुरुआत की
*एमामुद्दीन अहमद खान राजस्थान के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री
यह है इसका लेखा जोखा
*२०० दावे मिलेगी पहले चरण में,इतनी ही दुसरे चरण में
*४ करोड़ मरीजो को होगा सालाना फायदा
*२०० करोड़ सालाना का बजट इसके किये
*१३,८२८ सरकारी चिकित्सा संस्थान
*३४ मुख्यालयों पर दवा के भंडार
*१४,५०० के करीब दवा बाटने के केंद्र
*२०००० वितरण कार्य में शामिल होगे कर्मी
४३८२ रु, सालाना प्रति इनडोर मरीज पर इलाज खर्च
*३१८७रु.सालाना प्रति मरीज दवा खर्च  
*एस योजना को लागु करने वाला राजस्थान देश में १४व राज्य है । इससे पहले नि:शुल्क दवा वितरण करने की योजना देश के १३ राज्यों में पिछले १२ वर्षो से चल रही है
*प्रदेश में मातृ एवं शिशु मृत्युदर में कमी लेन वाले तथा माँ और शिशु के अनमोल जीवन की रक्षा के किए १२ सितम्बर २०११ से लागु की गई 'राजस्थान जननी शिशु सुरक्षा योजना ' की शुरुआत के पश्चात् 'मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना 'जनस्वास्थ्य की दिशा में राज्य सरकार की एक और महत्वपूर्ण योजना है । इसके साथ ही 'मुख्यमंत्री बीपीएल जीवन रक्षा कोष' से नि:शुल्क इलाज एवं ६० हजार रु. वार्षिक आय तक के लोगो के लिए 'मुख्यमंत्री सहायता कोष ' से ४० प्रतिशत अथवा अधिकतम ६० हजार रु.तक की चिकित्सा सहायता सुलभ करवाने की योजनाए पूर्व की भांति यथावत जारी रहेगी ।
* राजकीय अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले समस्त बहिरंग (ओ पी डी.) व भर्ती होने वाले अन्तरंग मरीजो को सर्वाधिक उपयोग में आने वाली आवश्यक दवाइया नि:शुल्क
*चिकित्सा संस्थानों पर दवाइयों के वितरण हेतु आवश्यकतानुसार पर्याप्त संख्या में निशुल्क दवा वितरण केन्द्रों की व्यवस्था





26 Aug, 2019, 02:17:12 AM