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Rajasthan Sujas January 2012

Rajasthan Sujas January 2012

सुजस जनवरी, 2012

पशुधन से सम्‍वर्धित जीवन

  • राज्‍य के सकल घरेलू उत्‍पाद में पशुपालन व्‍यवसाय का 8 प्रतिशत योगदान है।
  • गीर, राठी, कांकरेज नस्ल की बकरियां, चौंकला, मगरा, पूगल और नाली नस्‍ल की भेड़ों तथा नागौरी नस्‍ल के बैलों ने पूरी दुनिया में उत्‍कृष्‍ट पशुधन की दृष्टि से पहचान कायम की हैं।

 

सामयिकी

  • 7 से 9 जनवरी, 2012 तक आयोजित 10 वें भारतीय प्रवासी सम्‍मेलन के समापन समारोह।
  • टोबेगा की प्रधानमंत्री, श्रीमती कमला प्रसाद बिसेसर, राज्‍य के मुखयमंत्री।

 

पशु सम्‍पदा से समृद्ध राजस्‍थान 

  • राज्‍य में देश के कुल दुध उत्‍पादन का 10 प्रतिशत, मांस का 30 प्रतिशत एवं ऊन का 40 प्रतिशत उत्‍पादन होता है।
  • राज्‍य की कुल सकल घरेलू उत्‍पादन आय में लगभग 8 प्रतिशत योगदान पशुपालन से है।
  • राज्‍य ऊन उत्‍पादन की दृष्टि से देश में पहले तथा दुग्‍ध उत्‍पादन में दूसरे स्‍थान पर है।
  • राज्‍य में भारत का लगभग 11 प्रतिशत, पशुधन, 10 प्रतिशत भूमि, 5.6 प्रतिशत जनसंख्‍या एवं 1 प्रतिशत पानी है।
  • प्रदेश की जनसंख्‍या का लगभग 77.12 प्रतिशत भाग ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करता है।
  • राज्‍य प्रति वर्ष 3000 पशु चिकित्‍सक एवं पैरावेट प्रशिक्षित कर देश में प्रथम स्‍थान पर है।

 

पशु चिकित्‍सालय पशुपालक के द्वार

  • अगस्‍त, 2009 से एक अनुपम योजना ‘पशु चिकित्‍सालय पशुपालक के द्वार’ का शुभारम्‍भ किया।

 

बकरी प्रजनन नीति-2009

  • जखराना नस्‍ल का संरक्षण।
  • जखराना, सिरोही एवं मारवाड़ी नस्‍ल की बकरियां है।

 

भेड़-बकरी एकीकृत विकास योजना

  • रामसर (अजमेर) में बकरी विकास केन्‍द्र कार्यरत है।
  • जमनापारी नस्ल की बकरियों के विकास हेतु उन्‍नत नस्‍ल के बकरों का वितरण वत्‍स पालन केन्‍द्र कुम्‍हेर (भरतपुर) में प्रारम्‍भ किया गया है।
  • उन्‍नत नस्ल के बीजू बकरे गृह क्षेत्र (इटावा, उत्‍तर एवं सी.आर.आर.जी मखदूम) से क्रय कर बकरी पालकों को अनुदानित दर पर उपलब्‍ध कराए जा रहे है।

 

चारा विकास के अभिनव प्रयास

  • बीज गुणन खण्‍ड, दूदली (बस्‍सी) पर उन्‍नत किस्‍म का चारा बीच उत्‍पादित किया जा रहा है।

 

दुग्‍ध 1320 करोड़ किलोग्राम के साथ देश में दुसरा स्‍थान

ऊन 1.23 करोड़ किलोग्राम के साथ देश में प्रथम स्‍थान

वृषभ पालन केन्‍द्र

  • वृषभ पालन केन्‍द्र डग (झालावाड़) मुर्रा व गीर सांड
  • वृषभ पालन केन्‍द्र कुम्‍हेर (भरतपुर) मुर्रा भैंसा व जमुनापारी बकरे
  • वृषभ पालन केन्‍द्र नागौर मुर्रा भैंसा व सिरोही बकरे
  • वृषभ पालन केन्‍द्र रामसर (अजमेर) गीर सांड व सिरोही बकरे

 

भेड़ प्रजनन नीति 2009

  • ‘चौंकला’ नस्‍ल की भेड़ को भारतीय मेरीनो भी कहा जाता है क्‍योंकी इस नस्‍ल द्वारा उत्‍पादित ऊन उच्‍च किस्‍म की होती हैं जिसे ऊनी वस्‍त्र आदि बनाने के काम में लिया जाता है।

 

गोवंश की संरक्षक प्रदेश की गोशालाएं

  • चारा उत्‍पादन के लिए गोशालाओं में प्रायोगिक तौर पर नेपियर हाई ब्रिड किस्‍म की घास उपलब्‍ध कराई गई जिससे ह‍रे चारे के उत्‍पादन में उल्‍लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।

 

देशी-विदेशी पर्यटकों को लुभाते राज्‍य स्‍तरीय पशु मेले

  • 10 राज्‍य स्‍तरीय पशु मेलों का आयोजन करता है।
  • ·नाम पशु मेला                   जिला          आयोजन तिथि

श्री रामदेव पशु मेला नागौर         नागौर         माघ शुक्‍ल 1 से माघ शुक्‍ल 15 तक

श्री शिवरात्रि पशु मेला, करौली       करौली         माघ शुक्‍ल 15 से फाल्‍गुन कृष्‍ण 7 तक

श्रीमल्‍लीनाथ पशु मेला, तिलवाड़ा     बाड़मेर         चैत्र कृष्‍ण 11 से चैत्र शुक्‍ल 11 तक

श्री बल्‍देव पशु मेला, मेड़तासिटी     नागौर         चैत्र शुक्‍ल 1 से चैत्र पूर्णिमा तक

श्री गोमती सागर पशु मेला, झालरापाटन झालावाड़     बैशाख शुक्‍ल 13 से ज्‍येष्‍ठ कृष्‍ण 5 तक

श्री वीर तेजाजी पशु मेला, परबतसर   नागौर         ज्ञावन शुक्‍ल पूर्णिमा से भाद्र कृष्‍ण अमावस्‍या तक

श्री गोगामेड़ी पशु मेला, गोगामेड़ी     हनुमानगढ़      श्रावण शुक्‍ल पूर्णिमा से भाद्र शुक्‍ल 15 तक

श्री जसवन्‍त प्रदर्शनी एवं पशु मेला, भरतपुर          आश्विन शुक्‍ल 5 से आश्विन शुक्‍ल 14 तक

श्री कार्तिक पशु मेला, पुष्‍कर        अजमेर         कार्तिक शुक्‍ल 8 से मार्गशीर्ष कृष्‍ण 2 तक

श्री चन्‍द्रभागा पशु मेला, झालरापाटन  झालावाड़       कार्तिक शुक्‍ल 11 से मार्गशीर्ष कृष्‍ण 5 तक

 

जयपुर की पतंग साजी

  • रामसिंह के शासन से ही पतंगसाजी और पतंगबाजी भी विश्‍व की विरासत मे शामिल हो गई थी।

मानव संसाधन विकास में अहम भूमिका निभाते प्रशिक्षण संस्‍थान

  • राजकीय कुक्‍कुट पालन प्रशिक्षण संस्‍थान, अजमेर।
  • 1988-89 के दौरान अजमेर में राज्‍य कुक्‍कुट पालन प्रशिक्षण संस्‍थान की स्‍थापना की गई।
  • ·

कुक्‍कुट पालन-बदलता परिदृश्‍य

  • राजकीय कुक्‍कुट शाला, खातीपुरा (जयपुर) के सुदृढ़ीकरण हेतु भारत सरकार के सहयोग से पेन्ट स्‍टोक (गिरिराजा नस्‍ल) संधारित किए जा रहे हैं।

 

सुचनाओं से रूबरू होता पशुपालक

  • ’खेती री बातां’ मासिक पत्रिका : कृषि विभाग द्वारा प्रकाशित मासिक पत्रिका ‘खेती री बातां’ में पशुपालक विषयक ज्ञानवर्धक जानकारियां उपलब्‍ध कर पशुपालकों को लाभान्वित किया जा रहा है।

 

पशुधन विकास को समर्पित राजस्‍थान पशुधन विकास बोर्ड

  • राजस्‍थान पुशधन विकास बोर्ड का गठन 25 मार्च, 1998 को किया गया। केन्‍द्र सरकार द्वार वित्‍त पोषित राष्‍ट्रीय गाय एवं भैंस प्रजनन व अन्‍य परियोजनाओं द्वारा पोषित पशुधन विकास बोर्ड स्‍टेट इंप्‍लीमेन्टिग एजेन्‍सी के रूप में कार्य कर रहा है।
  • कृत्रिम गर्भाधान हेतु फ्रोजन सीमन की आपूर्ति मुख्‍यतया राज्‍य के सीमन स्‍टेशन बस्‍सी से सुनिश्चित की जाती है।
  • जोधपुर के नारवां खींचियान में एक नए फ्रोजन सीमन स्‍टेशन की स्‍थापना की जा चुकी है।
  • मिल्‍क रिकार्डिंग स्‍कीम
  • बोर्ड द्वारा राज्‍य की गीर, राठी, थारपारकर व कांकरेज गायों की देसी नस्‍लों एवं मुर्रा भैंसों के संरक्षण तथा सम्वर्धन के लिए मिल्‍क रिकोर्डिंग स्‍कीम का संचालन किया जा रहा हैं।
    • भेड़़ एवं ऊन विकास परियोजना
    • केन्‍द्रीय ऊन विकास बोर्ड, वस्‍त्र मंत्रालय भारत सरकार के तत्‍वावधान में मारवाड़ी नस्‍ल की भेड़ों के लिए यह योजना जोधपुर जिले की बालेसर एवं ओसिंया तहसील एवं नागौर जिले की मेड़ता, नागौर एवं लाड़नूं तहसील में संचालित की जा रही है।
      • भेड़ प्रजनन फार्म फतेहपुर
      • प्रजनन फार्म, फतेहपुर (सीकर) के सुदृढ़ीकरण हेतु 20 लाख की राशि आवंटित की गई हैं।

चैम्पियनों के चैम्पियन राजस्‍थानी- ओलम्पियन्‍स

  • राज्‍यवर्धन सिंह ने रजत पदक जीता कर दिखाई थी। राजीव गांधी खेल रत्‍न, पद्मश्री पुरस्‍कार विजेता 29 जनवरी, 1970 को जन्‍मे इस बीकानेरी रणबांकुरे ने 2004 में चांदी का तमगा प्राप्‍त किया।
  • ·

उदयपुर शहर की जीवन रेखा देवास द्वितीय योजना

  • सन् 1974-75 में  देवास प्रथम चरण का निमा्रण करवाया था। यह बांध अलसीगढ़ की पहाडि़यों के बीच बना हुआ है। इस बांध का पानी छोटी सुरंग के माध्‍यम से नांदेश्‍वर चैनल में गिरता है। जहां से यह पानी पहाडि़यों में बहता हुआ सीसारमा नदी में होते हुए पिछोला झील में पहुंचता है जो मैजूदा समय के हिसाब से नाकाफी था।
  • देवास द्वितीय योजना के तहत आकेादड़ा बांध का निर्माण कार्य चल रहा है। यह बांध झाड़ोल तहसील में बहने वाली देवास नदी पर बन रहा है।
  • प्रदेश की सबसे लम्‍बी सुरंग में दर्ज हो चुकी देवास द्वि‍तीय चरण की सुरंग की लम्‍बाई साढ़े 11 किलोमीटर है तो इसकी चौड़ाई का डायामीटर साढ़े 16 फीट है।
  • सन् 2007 में कोस्‍टल काम्‍पनी द्वारा प्रारम्‍भ किया गया।
  • इस योजना की लगत 379 मीटर 379 करोड़ हो गई है।
  • फतहसागर का निर्माण 1678 में महाराणा जयसिंह द्वारा करवाया गया था।
  • पिछोला झील का निर्माण 14 वीं शताब्‍दी में महाराणा लाखा के समय किया गया।

 

यादगार आयोजन की सुखद स्‍मृतियां

  • जयपुर में 7 से 9 जनवरी, 2012 तक आयोतिज 10वें भारतीय प्रवासी सम्‍मेलन  2012 में करीब 60 देशों से आए 1900 प्रवासी भारतीयों ने भाग लिया।
  • मुख्‍य अतिथि के रूप में त्रिनिदाद एवं टोबेगो की प्रधानमंत्री श्रीमती कमला प्रसाद बिसेसर

 

बायोमास से स्‍सती बिजली

  • रायसिंह दहिया देश के उन किसान वैज्ञानिकों में से हें जिनकी धूम विदेश की धरती तक पहुंच चुकी हैं। उन्‍होने बायोमास से स्‍सती बिजली बनाने के लिए भार गैसीफायर इंजन विकसित किया हैं।
  • 'खेतों के वैज्ञानिक'सम्‍ममान से सम्‍ममनित किया गया है।

 

सोमनाथ मन्दिर

  • पाली शहर के मध्‍य बारहवीं शताब्‍दी (सन्‍ 1152 ईसवी) में बना सोमनाथ महादेव मन्दिर ।
  • सोलंकी शैली में बना है।

 

 





15 Dec, 2019, 22:05:28 PM